वाल पुट्टी बनाने का बिजनेस. Wall Putty Manufacturing Business in Hindi.

Wall Putty का इस्तेमाल दीवारों की सतह को सपाट बनाने के लिए किया जाता है ताकि इनमें पेन्ट रंग इत्यादि आसानी से किया जा सके । वाल पुट्टी को सीमेंट पेन्ट भी कहा जाता है और इन्हें पाउडर पेन्ट की श्रेणी में रखा जाता है। इसका इस्तेमाल लगभग सभी प्रकार के चिनाई सतहों जैसे बंगलों, बहुमंजिला इमारतों, पुलों, डैम, घरों इत्यादि के बाहरी एवं अन्दुरुनी सीमेंटेड दीवारों पर किया जाता है । यद्यपि Wall Putty आम तौर पर सफ़ेद रंग में ही आती है, लेकिन वर्तमान में भिन्न भिन्न पसंद को ध्यान में रखते हुए इसे अनेकों रंग एवं शेड में विकसित किया गया है। सीमेंट पेंट या पुट्टी का इस्तेमाल साधारण जनता द्वारा अपने निजी कंस्ट्रक्शन कार्यों के दौरान तो किया ही जाता है, साथ में व्यवसायिक संस्थान एवं सरकार भी इसकी बहुत बड़ी ग्राहक हैं। इसलिए आज जब इस उत्पाद की आवश्यकता लगभग हर तरह के चिनाई सतहों के लिए होती है तो ऐसे में Wall Putty Manufacturing Business शुरू करना लाभकारी हो सकता है। इसलिए इस विषय पर बात करना एवं जानकारी प्रदान करना भी अति आवश्यक हो जाता है।   

Wall putty Manufacturing Business hindi

वाल पुट्टी क्या है (What is Wall Putty)

Wall Putty की यदि हम बात करें तो इसे सीमेंट पाउडर एवं अन्य सामग्रियों को कच्चे माल के तौर पर इस्तेमाल में लाकर बनाया जाता है, यही कारण है की इसे सीमेंटेड पेन्ट भी कहा जाता है। आम तौर पर दीवारों पर कोई महंगा पेन्ट लगाने से पहले खुरदरी या खराब चिनाई की सतहों को वाल पुट्टी से ठीक कर दिया जाता है। जिससे चिनाई की ये सतहें चिकनी हो जाती हैं और इनमें महंगे पेन्ट को आसानी से लगाकर इन सतहों को मनभावन एवं आकर्षक बनाया जा सकता है। कहने का आशय यह है की इसका इस्तेमाल भवनों, घरों, बंगलों इत्यादि की बाहरी एवं अन्दुरुनी दीवारों में उत्पन्न छिद्रों एवं खरोंचों को हटाने के लिए किया जाता है। कभी कभी इसका इस्तेमाल छत में उत्पन्न छिद्रों को भी भरने के लिए किया जाता है।      

वाल पुट्टी के लाभ एवं इस्तेमाल (Uses Of Wall Putty):

Wall Putty के अनेकों अनुप्रयोग हैं इसमें कोई शंका नहीं है, जहाँ तक इसके लाभ एवं इस्तेमाल का सवाल है उनकी लिस्ट कुछ इस प्रकार से है।

  • सूर्य की किरणों में अल्ट्रावायलेट किरणें होती हैं जिनसे सभी तरह के चिनाई सतहों को सीमेंट पेन्ट या वाल पुट्टी बेहतरीन सुरक्षा प्रदान करती हैं।
  • वाल पुट्टी सभी प्रकार की सीमेंटेड दीवारों को विषम जलवायु परिस्थितयों जैसे बारिश, गर्मी, पानी, नमी, समुद्री किनारे के पास नमक के वातावरण इत्यादि से सुरक्षा प्रदान करने में सक्षम है।
  • यह चिनाई वाली सतहों पर कवक एवं बैक्टीरिया को पैदा होने से एवं उसके विकास को रोकने में भी सक्षम होता है।
  • इसके अलावा यह सभी प्रकार की चिनाई को सतहों को अच्छा रंग एवं अच्छी लुक देने में भी मददगार साबित होता है।
  • सीमेंट पेन्ट यानिकी Wall Putty चिनाई की सतहों पर उभरे हेयर लाइनिंग, खुरदरापन इत्यादि को छुपाने का काम करता है, जिससे सीमेंटेड चिनाई वाली सतहों को न सिर्फ चिकना बनाया जा सकता है। बल्कि इन सतहों को मनभावन रूप भी दिया जा सकता है ।

 वाल पुट्टी की बिक्री की संभावना

Wall Putty या सीमेंट पेन्ट की यदि हम बात करें तो यह सामान्य सफेदी की तुलना में अधिक सुरक्षा, सजावट, सौंदर्यीकरण और टिकाऊ गुण प्रदान करता है। और इसका इस्तेमाल लगभग सभी प्रकार के सीमेंटेड चिनाई सतहों चाहे वह किसी भवन में हों, बंगले में हो, बहुमंजिला इमारतों में हो, पुल, डैम इत्यादि में हो सभी में इसका इस्तेमाल बड़े पैमाने पर किया जाता है। इसलिए भारत जैसे इस विशालकाय देश में मानव जनसँख्या की सामान्य आवश्यकता के साथ वाल पुट्टी की मांग भी तेजी से बढ़ रही है। विभिन्न सरकारी विभागों एवं क्षेत्रों जैसे डीजीएस और डी, स्टेट, पीडब्ल्यूडी, सीपीडब्ल्यूडी, रेलवे, डिफेंस, स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड, इत्यादि से इसकी बहुतायत एवं बड़े पैमाने पर मांग होने कारण आने वाले समय में भी इसका बाजार बहुत आशाजनक प्रतीत होता है। इसके अलावा देश में चल रही तरह तरह की कंस्ट्रक्शन योजनायें जिनमें देश के नागरिकों के लिए आवास के प्रबंध से लेकर हॉस्पिटल, स्कूल, रेलवे स्टेशन, बस स्टेशन, एअरपोर्ट, व्यवसायिक बिल्डिंग, धार्मिक बिल्डिंग, सामाजिक बिल्डिंग सभी का प्रबंध शामिल है।  Wall Putty की मांग को और भी गति प्रदान करता है।

वाल पुट्टी बनाने का बिजनेस कैसे शुरू करें? (How to Start Wall Putty Manufacturing Business) 

अन्य बिजनेस की तरह Wall Putty Manufacturing Business शुरू करने के लिए भी उद्यमी को अनेकों तरह के क्रियकलाप करने की आवश्यकता होती है। ध्यान रहे कोई भी नया बिजनेस किसी के भी कहने या प्रभाव में आकर बिलकुल नहीं करना चाहिए। बल्कि कोई भी व्यवसाय अपनी खर्च करने की क्षमता, अपनी योग्यता, जानकारी एवं उपलब्ध संसाधनों का आकलन करने के पश्चात ही शुरू किया जाना चाहिए। किसी की देखा देखी के चलते बिजनेस शुरू करने वाले उद्यमी को काफी नुकसान उठाना पड़ सकता है । तो आइये जानते हैं की कैसे कोई व्यक्ति खुद का वाल पुट्टी बनाने का बिजनेस शुरू कर सकता है।  

1. स्थानीय स्तर पर रिसर्च करें

Wall Putty Manufacturing Business करने वाले उद्यमी को सर्वप्रथम स्थानीय स्तर पर रिसर्च करने का काम करना चाहिए। जैसा की हम पहले भी बता चुके हैं की इस उत्पाद का इस्तेमाल लगभग सभी प्रकार की चिनाई की सतहों पर किया जाता है। इसलिए एक ऐसा क्षेत्र जहाँ कंस्ट्रक्शन निर्माण के कार्य जोरो शोरों पर चल रहे हों, वहां पर इस तरह का यह बिजनेस शुरू करना लाभकारी हो सकता है। वैसे देखा जाय तो वाल पुट्टी का इस्तेमाल सिर्फ नए नए निर्माण के दौरान ही नहीं किया जाता बल्कि भवनों, बिल्डिंग, घरों इत्यादि के रेनोवेशन, और पेन्ट करने से पहले भी इसका इस्तेमाल दीवारों एवं अन्दुरुनी छत पर छिद्रों इत्यादि को भरने के लिए किया जा सकता है। इसलिए उद्यमी किसी नगरीय क्षेत्र में इस तरह का यह व्यवसाय शुरू कर सकता है, क्योंकि इस उत्पाद के बिकने की संभावना ग्रामीण क्षेत्र की तुलना में नगरीय एवं शहरी क्षेत्र में अधिक है। उद्यमी को स्थानीय मांग पर रिसर्च के अलावा प्रतिस्पर्धा, मांग एवं पूर्ति में अंतर इत्यादि पर भी रिसर्च करने की आवश्यकता हो सकती है।    

2. जगह का प्रबंध करें  (Land & Building for Wall Putty Manufacturing):

Wall Putty Manufacturing  इकाई स्थापित करने के लिए उद्यमी को अलग अलग क्रियाकलापों के लिए अलग अलग जगह सुनिश्चित करने की आवश्यकता होती है। इसमें इन्वेंटरी के लिए जगह, कार्यशाला या विनिर्माण क्षेत्र के लिए जगह, बिजली आपूर्ति उपयोगिताओं के लिए जगह, जनरेटर सेटअप के लिए जगह इत्यादि के लिए जगह सुनिश्चित करने की आवश्यकता हो सकती है। इन सबके अलावा उद्यमी को एक छोटा सा ऑफिस भी फैक्ट्री परिसर में स्थापित करने की आवश्यकता हो सकती है। इसलिए इन सबके लिए उद्यमी को 800-1000 Square Feet जगह की आवश्यकता हो सकती है। जहाँ तक इस व्यवसाय  के लिए लोकेशन का सवाल है उद्यमी इस जगह को जहाँ अच्छी सड़कें, बिजली, पानी, कर्मचारियों की उपलब्धता इत्यादि आधारभूत सुविधाएँ उपलब्ध हों, किसी भी लोकेशन पर ले सकता है।     

3. लाइसेंस एवं पंजीकरण (License for wall Putty Manufacturing Business):

Wall Putty Manufacturing Business करने वाला उद्यमी अपने व्यापार के लिए निम्नलिखित लाइसेंस एवं रजिस्ट्रेशन प्राप्त कर सकता है।

  • सर्वप्रथम उद्यमी को चाहिए की वह अपने व्यवसाय को एक वैधानिक स्वरूप प्रदान करे, इसके लिए वह चाहे तो अपने व्यवसाय को बिना अधिक औपचारिकताओं के चक्कर में पड़े प्रोप्राइटरशिप के तौर पर रजिस्टर करा सकता है।
  • वैधानिक स्वरूप प्रदान करने के अलावा उद्यमी को टैक्स रजिस्ट्रेशन यानिकी जीएसटी रजिस्ट्रेशन की भी आवश्यकता हो सकती है।
  • इसके अलावा स्थानीय प्राधिकरण जैसे नगर निगम, नगर पालिका इत्यादि से फैक्ट्री लाइसेंस या ट्रेड लाइसेंस की भी आवश्यकता हो सकती है ।
  • जैसा की हम बता चुके हैं की Wall putty का इस्तेमाल विभिन्न सरकारी क्षेत्रों एवं विभागों में भी बड़े पैमाने पर किया जाता है, इसलिए सरकार भी इसकी बहुत बड़ी खरीदार है। इसलिए उद्यमी को अपने व्यवसाय को एमएसएमई के तौर पर पहचान दिलाने के लिए इसे उद्योग आधार एवं एमएसएमई डाटा बैंक में भी रजिस्टर करने की आवश्यकता हो सकती है ।
  • यदि उद्यमी स्वयं का ब्रांड स्थापित करके यह बिजनेस शुरू कर रहा हो तो ब्रांड की सुरक्षा के लिए ट्रेडमार्क रजिस्ट्रेशन की भी आवश्यकता हो सकती है ।     

4. आवश्यक मशीनरी एवं कच्चा माल

Wall Putty Manufacturing Business में इस्तेमाल में लायी जाने वाली कुछ प्रमुख मशीनरी एवं उपकरणों की लिस्ट निम्नवत है।

  • मोटर एवं अन्य उपकरणों के साथ माइल्ड स्ट्रीट बॉल मिल
  • रिडक्शन गियर एवं अन्य एक्सेसरीज के साथ एज रनर
  • प्लेटफोर्म टाइप भार मापने वाली मशीन
  • केमिकल टेस्टिंग टेबल एवं टेस्टिंग लेबोरेटरी उपकरण  
  • दस किलो तक मापन क्षमता वाला काउंटर स्केल बैलेंस
  • फायर एक्स्टिंगयूसर
  • ड्राई पाउडर मिक्सर
  • अन्य हैण्ड टूल्स इत्यादि

उपर्युक्त मशीनरी एवं उपकरणों से कच्चे माल का इस्तेमाल करके उद्यमी Wall Putty Manufacturing से जुड़ी सभी प्रक्रियाएं आसानी से बेहद कम समय में पूर्ण कर सकता है। इन्हें खरीदने से पहले उद्यमी को विभिन्न सप्लायर से कोटेशन मंगा लेनी चाहिए, और फिर उनका तुलनात्मक विश्लेषण के बावजूद ही किसी सप्लायर का चुनाव करना चाहिए। इस व्यवसाय में इस्तेमाल में लायी जाने वाली कच्चे माल की लिस्ट कुछ इस प्रकार से है।

  • वाइट सीमेंट
  • हाइड्रेटेड लाइम
  • वाटरप्रूफ मटेरियल
  • सिलिका एग्रीगेट
  • पिगमेंट और अन्य रसायन जैसे जिंक सल्फेट, कैल्शियम कार्बोनेट, इत्यादि
  • पैकेजिंग मटेरियल   

5. कर्मचारी एवं क्वालिटी

उपर्युक्त मशीनरी, उपकरणों एवं कच्चे माल से Wall Putty का निर्माण करने के लिए अनुभवी एवं कुशल श्रमिकों की आवश्यकता हो सकती है। और वाल पुट्टी या सीमेंट पेन्ट की अच्छी गुणवत्ता उत्पादित करने के लिए और उसे बनाये रखने के लिए अच्छे गुणवत्ता इंजिनियर की भी आवश्यकता हो सकती है। इसके अलावा एक कार्य स्टेशन से दुसरे कार्य स्टेशन तक सामग्री पहुँचाने के लिए भी श्रमिकों की आवश्यकता हो सकती है और ऑफिस का कार्यभार एवं दस्तावेजों के प्रबंधन के लिए भी 1-2 शिक्षित एवं कुशल कर्मचारियों की आवश्यकता हो सकती है इस प्रकार से इस तरह का व्यवसाय शुरू करने के लिए उद्यमी को 7-8 कर्मचारी नियुक्त करने की आवश्यकता हो सकती है। जहाँ तक इस उत्पाद की गुणवत्ता का सवाल है उद्यमी को ग्राहकों की पसंद एवं आवश्यकता के अनुसार इसकी क्वालिटी को मेन्टेन करने की आवश्यकता होती है।    

6. वाल पुट्टी निर्माण शुरू करें (Start wall Putty Manufacturing)

सीमेंट पेन्ट यानिकी Wall Putty की यदि हम बात करें तो इन्हें आम तौर पर पिगमेंट, बाइंडर, योजक और साल्वेंट का इस्तेमाल करके बनाया जाता है। पिगमेंट के तौर पर टाइटेनियम डाय ऑक्साइड, कार्बन ब्लैक, ब्लू फथलोसाइनिन, ग्रीन फथलोसाइनिन और रेड ऑक्साइड जैसे प्रमुख रंजकों का इस्तेमाल उपयुक्त मात्रा में एक्सटेंडर जैसे व्हाइटनिंग, चाइना क्ले इत्यादि के साथ किया जाता है। बाइंडर के तौर पर वाइट सीमेंट या फिर 33 ग्रेड के पोर्टलैंड सीमेंट का इस्तेमाल किया जाता है । इस उत्पाद के निर्माण में बॉल मिल्स और एज रनर का इस्तेमाल किया जाता है । सभी पिगमेंट एवं बाइंडर को फैलने वाले एजेंटो के अनुसार बॉल मिल में चार्ज किया जाता है और जब तक इच्छा के मुताबिक ग्राइंडिंग रिजल्ट नहीं मिलता तब तक इसे चलाया जाता है। इस Wall Putty Manufacturing Process में ग्राइंड किये गए मटेरियल को बाइंडर के बाकी हिस्से की मदद से एज रनर मशीन तक ले जाया जाता है और फिर इसे पीसकर एक समान मिश्रण तैयार कर लिया जाता है। इसके बाद इस मिश्रण में एंटी-फंगिसाइड एवं अन्य आवश्यक योजक शामिल किये जाते हैं। उसके बाद इसकी शेड मैचिंग ग्राहकों की आवश्यकता के अनुरूप की जाती है उसके बाद इसकी गुणवत्ता चेक की जाती है और फिर इसे बैग में पैकेजिंग करके बाजार में बेचने के लिए भेजा जाता है।

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About Author:

मित्रवर, मेरा नाम महेंद्र रावत है | मेरा मानना है की ग्रामीण क्षेत्रो में निवासित जनता में अभी भी जानकारी का अभाव है | इसलिए मेरे इस ब्लॉग का उद्देश्य बिज़नेस, लघु उद्योग, छोटे मोटे कांम धंधे, सरकारी योजनाओं, बैंकिंग, कैरियर और अन्य कमाई के स्रोतों के बारे में, लोगो को अवगत कराने से है | ताकि कोई भी युवा अपने घर से रोजगार के लिए बाहर कदम रखने से पहले, एक बार अपने गृह क्षेत्र में संभावनाए अवश्य तलाशे |