Paper Cup Plate Business Kaise Start Kare.

Paper Cup Plate Business Kaise Start Kare.

बिज़नेस कोई भी हो paper cup plate manufacturing business हो या कोई, अन्य सबसे पहले उसकी बाज़ार में क्या संभावनाएं हैं पर विचार करना पड़ता है | यही कारण है की उद्यमी को इस बिज़नेस के लिए भी अपनी Market का चुनाव करके उसका विश्लेषण करना होगा की उस ख़ास area में Paper cup plate का use नियमित तौर पर किया जाता है या सिर्फ किसी शादी समारोह इत्यादि में | paper cup plate को disposable cup plate भी कहते हैं वह इसलिए क्योकि इनका उपयोग केवल एक बार किया जा सकता है | इन paper cup plate को मुख्य रूप से paper से बनाया जाता है, और पेपर की तरल पदार्थ को सोखने की क्षमता को कम या खत्म करने के लिए मोम या Plastic का उपयोग किया जाता है |

Paper-cups-plate

चूँकि paper cup plate manufacturing में Raw material के रूप में मुख्य रूप से  Food grade paper को उपयोग में लाया जाता है | जिसमें गरम और ठन्डे किसी भी food items या तरल पदार्थ को काफी लम्बे समय तक रखा जा सकता है, और इससे स्वास्थ्य संबंधी कोई भी समस्या होने का खतरा नहीं रहता | यही कारण है की paper cup plate का consumption दुनिया में दिनोंदिन बढ़ते जा रहा है | अब हम आगे जानने की कोशिश करेंगे की यदि किसी उद्यमी को paper plate cup manufacturing business करना हो, तो उसको कौन कौन सी जरुरी प्रक्रियाओं (Process) से गुजरना पड़ेगा | लेकिन इससे पहले एक नज़र डालते हैं इस paper cup plate manufacturing business के India में business scope पर |

Paper cup plates Business scope in India:

Paper cup plate सिर्फ India में ही नहीं सम्पूर्ण विश्व में प्रचलित होते जा रहे हैं, इसका मुख्य कारण इनका पर्यावरण के अनुकूल होना, और इनको उपयोग में लाने से खाद्य जनित संक्रमण का कम होना है | वर्तमान में India में लगभग सभी औद्योगिक संस्थानों में अपने कर्मचारियों और Visitors के लिए चाय, काफी, सूप, कोल्ड ड्रिंक इत्यादि पेय पदार्थों की व्यवस्था की जाती है | इसके अलावा कुछ IT, BPO इत्यादि कंपनियों में खाने का भी प्रबन्ध किया जाता है | इनमे मुख्य रूप से Paper cup plate का use होता है | इसके अलावा सभी प्रकार की कैंटीनो, चाय की दुकानों, फ़ास्ट फ़ूड की दुकानों एवं अन्य आयोजनों में भी Paper cup plate उपयोग में लाये जाते हैं | जैसे की paper cup plate केवल एक बार उपयोग में लायी जाने वाली वस्तु है इसलिए इनका उपयोग बहुतायत मात्रा में होता है, जो उद्यमियों के लिए scope ही scope पैदा करता है |

 Paper cup plate manufacturing business kaise start kare

Paper cup plate manufacturing business start करने के लिए उद्यमी को इस बिज़नेस को गहनता से समझना होगा, जैसे कोई भी Paper cup plate manufacturer अपने end users को target इसलिए नहीं कर सकता क्योकि उनकी मांग उत्पादित होने वाली मात्रा से बहुत ही कम होगी | इसलिए उद्यमी को चाहिए की वह wholesalers को ध्यान में रखकर कोई strategy तैयार करे | क्योकि उद्यमी के द्वारा उत्पादित माल को end users तक wholesalers ही पहुचाएंगे |  हालाँकि उद्यमी औद्योगिक संस्थानों, बड़ी कैंटीनो, चाय की दुकानों, catering कंपनियों इत्यादि को direct target कर सकता है |

Paper cup plate manufacturing business start करने हेतु उद्यमी को सबसे पहले अपने बिज़नेस को नाम देना होगा | जो नाम उद्यमी का बिज़नेस चल जाने पर एक ब्रांड के रूप में परिवर्तित हो जायेगा | उसके बाद उद्यमी को अपने बिज़नेस को विभिन्न business entities  में से किसी एक में register कराना पड़ेगा | small scale पर यह business शुरू करने के लिए Small Scale Industry में भी Registration  की आवश्यकता हो सकती है | उसके बाद उद्यमी को tax registration जैसे VAT में भी अपने बिज़नेस को रजिस्टर कराना चाहिए | और यदि उद्यमी चाहता है की सरकारी कंपनियां और विभाग भी उसके ग्राहक बनें तो वह NSIC की Single point registration scheme के अंतर्गत भी अपने udyog को Register करवा सकता है |

Financing Arrangement (वित्त का प्रबंध):

उद्यमी को वित्त का प्रबंध अपने बिज़नेस की प्रोजेक्ट रिपोर्ट के आधार पर करना होता है | इसमें स्वयं के पास उपलब्ध वित्त, और लोन के माध्यम से लिया जाने वाला वित्त का प्रबन्ध करना होता है | उद्यमी यदि चाहे तो मुद्रा योजना के अंतर्गत इस बिज़नेस के लिए लोन के लिए आवेदन कर सकता है | लोन लेते वक्त यह भी देखना होता है की कहीं बैंक यां अन्य कोई वित्तीय संस्थान जमानत के तौर पर बंधक में क्या मांग रहा है या उद्यमी क्या रख सकता है | Project report के अलावा feasibility report, marketability report इत्यादि की भी आवश्यकता होती है |

Contact suppliers to seek quotation for raw materials and machinery:

अब उद्यमी को चाहिए की वह अपने Paper cup plate manufacturing business के raw materials  और मशीनरी के लिए suppliers से quotation मगाएं |  और बहुत सारी quotation हो जाने के बाद उनका तुलनात्मक विश्लेषण करे | और अपनी आवश्यकतानुसार किसी एक raw material supplier और एक Machinery supplier का चयन करे | अभी उद्यमी को ध्यान रखना चाहिए की जब तक वह Storage वगेरह का पूरा प्रबंध नहीं कर लेता raw materials order न करे, सिर्फ suppliers का चयन कर ले ताकि सारी प्रक्रियाएं पूर्ण हो जाने के बाद वह raw materials और Machinery आसानी से खरीद सके |

Location Selection:

Business location किसी औद्योगिक area में होगी तो उद्यमी को Paper cup plate manufacturing business चलाने के लिए ज्यादा कठिनाइयों का सामना नहीं करना पड़ेगा | इसलिए लोकेशन चयन  करने से पहले उद्यमी को बिज़नेस में Location के महत्व को समझना बेहद जरुरी है | उद्यमी को चाहिए की वह plant का अच्छे ढंग से Layout Plan तैयार करवाए, और फैक्ट्री स्थापित करने में पर्यावरण के मुद्दों का भी ध्यान रखे |

Infrastructure taiyar karwana :

यदि उपर्युक्त सारी प्रक्रियाएं पूर्ण हो गई हों तो अब उद्यमी Paper cup plate manufacturing business के लिए चयनित खाली पड़ी जगह को फैक्ट्री का रूप दे सकता है, अर्थात वह फैक्ट्री बनाने का काम शुरू करवा सकता है | यह सब कराने की प्रक्रिया में उद्यमी को उसके बिज़नेस के लिए कितनी उर्जा चाहिए और बिजली चले जाने पर DG या Generator इत्यादि कहाँ रखे जायेंगे सुरक्षा की दृष्टि से इनका मुआयना करना चाहिए | Raw materials storage कहाँ और कैसा बनेगा, मशीनों की Installing सुरक्षा की दृष्टि से कहाँ पर उचित होगी, इत्यादि बातों का भी ध्यान रखा जाना बेहद जरुरी है |

Manpower Appointments:

उद्यमी से बेहतर उसके काम को और जरुरत को कोई नहीं समझ सकता | इसलिए अपनी आवश्यकतानुसार अलग अलग पद हेतु उद्यमी को चाहिए की अलग अलग JD तैयार करे | फिर इस Job description को भले ही वह किसी consultants को दे या फिर खुद ही लोगों को फ़ोन करके Interview के लिए बुलाये | लेकिन उद्यमी को अपनी आवश्यकतानुसार बिलकुल सही व्यक्ति का चुनाव करना होगा | उसके बाद उद्यमी को चाहिए की वह अपने कर्मचारियों के लिए training का भी आयोजन करे | जिसमे operational और Management सम्बन्धी training दी जाय |

Purchase Raw Material and Machinery:

हालांकि Machinery और raw material purchasing का काम Manpower appointment से पहले भी किया जा सकता है | लेकिन यह प्रक्रिया बाद में ही करनी चाहिए उद्यमी चाहे तो कर्मचारियों को दो तीन दिन Training दिलवा सकता है और जब Machinery and raw materials आ जाय तो सीधे production शुरू करवा सकता है | इसका एक फायदा तह भी होता है की Manpower appointments की प्रक्रिया होने के बाद उद्यमी raw material के storage एवं Machinery सम्बन्धी कामो को कर्मचारियों में बाँट सकता है | जिससे  हर appointed कर्मचारी को अपने काम के प्रति जिम्मेदारी का एहसास पहले ही दिन से होने लगता है |

यह प्रक्रिया कर लेने के बाद Paper cup plate manufacturing business start करने वाले उद्यमी को अपनी Factory में production शुरू करा देना चाहिए |

Comments

  1. By Rajendra

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  2. By Amrendra Kumar

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  3. By ANNU KUMAR

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  4. By Dilip

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  5. By Ravi

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  6. By Sharda kashyap

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  7. By ranjit

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  8. By SK SAHIDUL ALI

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  9. By Sandeep Kumar

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  10. By Mp meena

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  11. By Rajesh Gupta

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  12. By हसीब शैख

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  13. By हसीब शैख

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  14. By dilshad khan

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  15. By umesh Kr

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  16. By chetan upadhayay

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  17. By Mukesh

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  18. By Roshan kumar

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  19. By saood i qureshi

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  20. By Babubhai gaurav

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  21. By sandeep bansal

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  22. By हनुमान शाह

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  23. By हनुमान शाह

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  24. By अजय सिंह

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    • By vijay

  25. By dalchandpathariya

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  26. By Sagar shrivastava

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    • By Manish Soni

  27. By tumeshwar sinha

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  28. By Narendra jatav

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  29. By Jagdish Meena + Vijay kumar

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  30. By krishna gautam

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  31. By manish

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  32. By manoj rawat

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  33. By sunil kumar ahirwar

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  34. By Ashish kumar

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  35. By dilip nagwani

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  36. By Mohammd Akil

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  37. By Vineet Chauhan

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  38. By kundan

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  39. By ritesh kumar

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  40. By Praveen Kumar

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  43. By अमित कुमार

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  44. By bhupendra prasad

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