एम्बुलेंस सर्विस कैसे शुरू करें? How to Start an Ambulance Service Business.

Ambulance Service आपातकालीन सेवाओं में से एक प्रमुख सेवा है वैसे देखा जाय तो भारत जैसे जनाधिक्य वाले देश में इमरजेंसी सर्विस यानिकी आपातकाल सेवाओं की मांग हमेशा ही बनी रहती है। एक ऐसी स्थिति में जहाँ जीवन बचाने के लिए प्रत्येक सेकंड बेहद महत्वपूर्ण होता है। उस समय यदि एक अच्छी तरह से सुसज्जित एम्बुलेंस वहां पर पहुँचती है तो जीवन को बचाने में यह अहम् योगदान निभा सकती है। कहने का अभिप्राय यह है की आपातकालीन स्थितियों में Ambulance Service जीवन बचाने का एक महत्वपूर्ण कारक सिद्ध हो सकती है। इसलिए इस तरह के व्यापार में कभी भी मंदी नहीं आती है क्योंकि इस दुनिया में सबसे अधिक महत्व यदि मनुष्य किसी को देता है तो वह उसके खुद का एवं प्रियजनों का जीवन है । और अपना एवं अपने परिवारजनों का जीवन बचाने के लिए व्यक्ति हर संभव प्रयत्न करता है। इसलिए यह एक ऐसा व्यापार है जिससे उद्यमी न सिर्फ पैसे कमा रहा होता है बल्कि वह मानव हितों में भी अपना योगदान दे रहा होता है। इसलिए यदि आप भी उनमें से हैं जिनमें समाज एवं मानव सेवा का भाव निहित है तो आप खुद का एम्बुलेंस सर्विस बिजनेस शुरू कर सकते हैं। Ambulance Service Business समुदाय या समाज को तो लाभान्वित करेगा ही, साथ में यह उद्यमी के लिए एक लाभकारी व्यापार भी सिद्ध होगा। इस तरह का यह बिजनेस करने वाला उद्यमी न केवल वित्तीय रिटर्न प्राप्त करता है बल्कि उसे मानवता की सेवा करने का एक संतोष भी रहता है। इसलिए यह एक ऐसा व्यवसाय है जो उद्यमी को काफी संतोषजनक महसूस करा सकता है। 

Steps to start an ambulance service business in hindi

एम्बुलेंस सर्विस बिजनेस क्या है (What is an Ambulance Service):

जिस प्रकार आग लगने पर फायर ब्रिगेड को बुलाना अति आवश्यक हो जाता है। ताकि वे वहाँ पहुँचकर उस आग को बुझा सकें। ठीक उसी प्रकार आपातकालीन स्थिति यानिकी जब किसी व्यक्ति की तबियत अचानक से ख़राब हो जाय तो उसे हॉस्पिटल तक भेजने के लिए एम्बुलेंस मँगवाना भी बेहद जरुरी हो जाता है। कहने का आशय यह है की Ambulance Service एक आपातकालीन सेवा है जिसका कार्य अस्वस्थ लोगों को उपचार के लिए हॉस्पिटल तक पहुँचाने का होता है। हालांकि एम्बुलेंस का काम मरीजों को हॉस्पिटल से डिस्चार्ज इत्यादि होने पर उनकी डेस्टिनेशन घर इत्यादि तक भी पहुँचाने का होता है । चूँकि यह हेल्थकेयर से जुड़ा हुआ बिजनेस है इसलिए उद्यमी को अपने आसपास के समाज में खुद का योगदान देखते हुए मानसिक संतुष्टि की भी अनुभूति होती है। और चूँकि यह स्वास्थ्य से जुड़ा हुआ व्यापार है इसलिए इसमें कभी मंदी नहीं आती है। इन्हीं सब बातों को ध्यान में रखकर जब किसी व्यक्ति द्वारा एम्बुलेंस सेवा लोगों को प्रदान की जाती है तो उसके द्वारा किया जाने वाला यह बिजनेस Ambulance Service Business कहलाता है।

एम्बुलेंस सर्विस बिजनेस शुरू करने से पहले ध्यान देने योग्य बातें.

उद्यमी को एक बात का विशेष ध्यान देने की आवश्यकता होती है की यदि वह इस बिजनेस को शुरू करने में गंभीर है। तो बता देना चाहेंगे की Ambulance Service शुरू करने के लिए एम्बुलेंस की आवश्यकता अनिवार्य रूप से होती है। इसलिए इस व्यवसाय को शुरू करने से पहले उद्यमी को यह समझने की नितांत आवश्यकता है की आम तौर पर एम्बुलेंस उनकी आवश्यकता एवं कार्यशैली के आधार पर दो प्रकार की होती है। इसमें से उद्यमी किसी एक प्रकार को अपने व्यापार के लिए चुन सकता है।

  1. पहले प्रकार की एम्बुलेंस की बात करें तो इन्हें इमरजेंसी एम्बुलेंस भी कह सकते हैं आम तौर पर इन एम्बुलेंस में प्राथमिक चिकित्सा की सभी प्रकार की तैयारी पहले से विद्यमान होती है। कहने का अभिप्राय यह है की आपातकालीन एम्बुलेंस में प्राथमिक चिकित्सा एवं आपातकालीन उपकरण जैसे ऑक्सीजन टैंक, डिफाइब्रिलेटर और एक प्रशिक्षित पैरामेडिकल स्टाफ भी उपलब्ध होते हैं।
  2. दूसरे प्रकार की एम्बुलेंस में गैर आपातकालीन एम्बुलेंस को रखा जाता है इन एम्बुलेंस का इस्तेमाल रोगियों को एक स्थान से दुसरे स्थान तक पहुँचाने के लिए किया जाता है। इन एम्बुलेंस में भी रोगी को यात्रा के दौरान जिन बुनियादी प्राथमिक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य उपकरणों की आवश्यकता होती है उसकी उपलब्धता इसमें रहती है।

यह उद्यमी की योग्यता, कार्यकुशलता एवं बजट पर निर्भर करता है की वह उपर्युक्त दोनों में से कौन सी सर्विस का चुनाव अपने व्यापार के लिए करता है। यद्यपि उद्यमी चाहे तो दोनों तरह की सर्विस को भी अपने व्यापार के लिए चुन सकता है। चूँकि Ambulance Service Business स्वास्थ्य उद्योग से जुड़ा हुआ है इसलिए इसमें कोई दो राय नहीं की उद्यमी को इस तरह का बिजनेस शुरू करने के लिए कुछ विशिष्ट परमिशन एवं लाइसेंस की आवश्यकता हो सकती है।

एम्बुलेंस सर्विस बिजनेस कैसे शुरू करें? (Steps to start Ambulance Service)

Ambulance Service Business सुचारू रूप से चलाने के लिए उद्यमी को सभी विधानों एवं कानूनों का पालन एवं अनुसरण करना होगा। क्योंकि इस दुनिया में अभी सबसे महत्वपूर्ण कोई चीज है तो वह है जीवन और जीवन तभी सुरक्षित है जब यह रोगमुक्त हो। कहने का अभिप्राय यह है की इस तरह का व्यापार शुरू करने के लिए सरकार द्वारा निर्धारित जो भी दिशानिर्देश व्याप्त हों। उद्यमी को चाहिए की वह उनका पूरी प्रतिबद्धता से पालन करे। तो आइये जानते हैं की कैसे कोई व्यक्ति एम्बुलेंस सर्विस बिजनेस शुरू कर सकता है।

1. स्थानीय क्षेत्र में एम्बुलेंस की मांग का आकलन करें

हालांकि इसमें कोई दो राय नहीं है की Ambulance Service की आवश्यकता हमारे देश भारत के हर उस क्षेत्र में हो सकती है जहाँ मानव जाति निवास करती है। लेकिन इसके बावजूद भी उद्यमी जहाँ इस तरह का यह बिजनेस शुरू करना चाहता है सबसे पहले उस क्षेत्र में एम्बुलेंस की मांग का जायजा ले ले। इसके लिए उद्यमी को उस स्थान विशेष में उपलब्ध हॉस्पिटल एवं अन्य चिकत्सा संस्थानों की एक लिस्ट तैयार करनी होगी और प्रतिदिन एक हॉस्पिटल में कम से कम कितने रोगी अपने इलाज के लिए आते हैं इसकी भी लिस्ट तैयार करनी होगी। इन सबके अलावा जो सबसे महत्वपूर्ण बात है वह यह है की इन हॉस्पिटल के पास अपनी खुद की कितनी एम्बुलेंस हैं और क्या वे एम्बुलेंस की मांग की पूर्ति कर पाने में सक्षम हैं?। इत्यादि प्रश्नों के जवाब पाने की कोशिश करनी होगी क्योंकि यदि हॉस्पिटल के पास एम्बुलेंस की कमी होगी तो वे बाहरी वेंडर के साथ टाई अप करके यह फैसिलिटी अपने ग्राहकों को अवश्य प्रदान करेंगे। इसलिए Ambulance Service का बिजनेस कर रहे उद्यमी का सर्वप्रथम काम यही होना चाहिए की वह उस क्षेत्र विशेष में एम्बुलेंस की मांग का अवलोकन करे।   

2. एम्बुलेंस खरीदें (Purchase Ambulance for Ambulance Service)

उद्यमी को इस व्यवसाय को चलाने के लिए वाहन यानिकी एम्बुलेंस की आवश्यकता होती है जहाँ तक इनकी कीमत का सवाल है यह बाज़ार में 7 लाख रूपये से लेकर 18 लाख रूपये तक में उपलब्ध हैं।इसलिए उद्यमी अपनी आवश्यकता एवं बजट के आधार पर किसी भी एम्बुलेंस वाहन का चुनाव करके इसे खरीद सकता है ।यदि Ambulance Service Business शुरू करने का इच्छुक उद्यमी इससे भी कम खर्च में वाहन खरीदने की सोच रहा है तो फिर वह किसी पुराने वाहन के लिए सर्च कर सकता है। वर्तमान में पुराने वाहन भी अच्छी कंडीशन में आसानी से मिल जाते हैं। एक गैर आपातकालीन सेवा के लिए तो कोई भी वाहन चल सकता है लेकिन आपातकालीन सेवा के लिए उद्यमी को एक कस्टमाइज्ड वाहन की आवश्यकता होती है। जिसमें स्ट्रेचर एवं कुछ स्वास्थ्यकर्मियों के लिए उपयुक्त जगह होना अनिवार्य होता है। क्योंकि इस तरह की एम्बुलेंस में रोगी को हॉस्पिटल तक सही सलामत पहुँचाने के लिए रोगी को स्ट्रेचर पर लिटाकर, ऑक्सीजन इत्यादि देने की आवश्यकता हो सकती है।      

3. आवश्यक परमिशन एवं रजिस्ट्रेशन कराएँ

हालांकि Ambulance Service शुरू करने के लिए जो सबसे पहला एवं अहम् परमिशन एवं रजिस्ट्रेशन की आवश्यकता होती है वह है वाहन की आरसी, पोल्यूशन, इंश्योरेंस, परमिट, फिटनेस एवं ड्राइविंग लाइसेंस की । लेकिन चूँकि यह हेल्थकेयर से सम्बंधित व्यापार है इसलिए इसके लिए स्वास्थ्य विभाग एवं स्थानीय प्राधिकरण से भी ट्रेड लाइसेंस लेने की आवश्यकता हो सकती है। इन सबके अलावा उद्यमी को टैक्स रजिस्ट्रेशन कराने की भी आवश्यकता हो सकती है। और उद्यमी को रोड टैक्स इत्यादि का भुगतान करने की भी आवश्यकता हो सकती है। यदि उद्यमी स्वयं एम्बुलेंस चलाने के लिए सहमत नहीं है तो उसे ड्राईवर एवं एक हेल्पर भी नियुक्त करने की आवश्यकता हो सकती है।     

4. हॉस्पिटल इत्यादि के साथ टाई अप करें

अब जब उद्यमी द्वारा एम्बुलेंस खरीदकर लाइसेंस एवं रजिस्ट्रेशन सम्बन्धी भी सारे कार्य पूर्ण कर लिए गए हों। तो अब उद्यमी को उस स्थानीय क्षेत्र में उपलब्ध हॉस्पिटल के साथ टाई अप करके अपने बिजनेस को आगे बढ़ाना चाहिए। या फिर उद्यमी चाहे तो किसी सरकारी योजना के तहत भी अपनी एम्बुलेंस को रजिस्टर कराकर बिजनेस शुरू कर सकता है। क्योंकि वर्तमान में बहुत सारी सरकारी योजनायें भी ऐसी हैं जिनमें एम्बुलेंस सेवा को जल्दी से जल्दी उपलब्ध कराने का प्रयास किया गया है और इसकी सफलता के लिए सरकार को भी ऐसे उद्यमियों की आवश्यकता रहती है जो अपने एम्बुलेंस वाहन को उनकी योजना के तहत रजिस्टर कराकर इसका लाभ ले सकें।  Ambulance Service बिजनेस की सफलता में हॉस्पिटल एवं चिकित्सा संस्थानों का अहम् योगदान है इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता है। इसलिए उद्यमी को सारे निजी एवं सार्वजनिक हॉस्पिटल में टाई अप करने की कोशिश करनी चाहिए ताकि उसे अधिक से अधिक काम मिल सके।     

5. मार्केटिंग करें (Marketing of Ambulance Service) 

वर्तमान जीवनशैली में मनुष्य जीवन में जो सबसे बड़ी समस्या उभरकर सामने आ रही है वह है स्वास्थ्य। कहने का अभिप्राय यह है की वर्तमान जीवनशैली ने मनुष्य के स्वास्थ्य को बहुत बड़े पैमाने पर प्रभावित किया है। इसलिए वैसे देखा जाय तो स्वास्थ्य सम्बन्धी किसी भी कार्य को, अधिक मार्केटिंग की आवश्यकता नहीं होती है क्योंकि जिसे समस्या होती है वह खुद ही इन चीजों को ढूंढते ढूंढते पहुँच जाता है। लेकिन उद्यमी अपने Ambulance Service Business को आम जनता के बीच तो प्रमोट कर ही सकता है साथ में हॉस्पिटल के अन्दर एवं आस पास के इलाकों में अपने पोस्टर, बैनर इत्यादि बनवाकर भी खुद की मार्केटिंग कर सकता है। ध्यान रहे इसमें भी कमाई का मूल मन्त्र काम मिलना ही है इसलिए उद्यमी को जितना अधिक काम मिलेगा उद्यमी उतनी ही अधिक कमाई कर पाने में सक्षम हो पायेगा।

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About Author:

मित्रवर, मेरा नाम महेंद्र रावत है | मेरा मानना है की ग्रामीण क्षेत्रो में निवासित जनता में अभी भी जानकारी का अभाव है | इसलिए मेरे इस ब्लॉग का उद्देश्य बिज़नेस, लघु उद्योग, छोटे मोटे कांम धंधे, सरकारी योजनाओं, बैंकिंग, कैरियर और अन्य कमाई के स्रोतों के बारे में, लोगो को अवगत कराने से है | ताकि कोई भी युवा अपने घर से रोजगार के लिए बाहर कदम रखने से पहले, एक बार अपने गृह क्षेत्र में संभावनाए अवश्य तलाशे |

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