Wood Carving Business से भले ही आप अवगत हों, या फिर न हों, लेकिन घरों, बिल्डिंगों, कार्यालयों इत्यादि स्थानों पर इस्तेमाल में लाये जाने वाले फर्नीचर पर आपने तरह तरह के डिजाईन बने हुए आकृति अवश्य देखे होंगे। जी हाँ हम उन्हीं फूल, पत्तियों इत्यादि आकृति की बात कर रहे हैं, जो हमें विभिन्न प्रकार के फर्नीचर जैसे दरवाजे, खिड़कियाँ, बेड, अलमारियाँ, मेज, कुर्सी इत्यादि पर दिखाई देती हैं। लकड़ी पर सुन्दर नक्काशी करने से उसका आकर्षण एवं कीमत दोनों बढ़ जाती हैं, इस तरह का कार्य करने के लिए कौशल एवं अनुभव की आवश्यकता होती है।

आम तौर पर Wood Carving या लकड़ी पर नक्काशी लकड़ी के ऊपर कार्य करके काटने के उपकरण जैसे चाकू या छेनी, हथौड़ी इत्यादि उपकरणों की मदद से की जाती है। इन छोटे छोटे उपकरणों की मदद से इस कार्य में पारंगत हासिल कर चुके लोग लकड़ी पर आसानी से कोई डिजाईन, मूर्ति, आकृति इत्यादि आसानी से बना देते हैं। यद्यपि लकड़ी की नक्काशी के कार्य में वे सभी गतिविधियाँ शामिल हैं जिनमें किसी भी प्रकार यानिकी व्यक्तिगत लकड़ी की मूर्ति बनाने से लेकर, मोल्डिंग के माध्यम से लकड़ी पर नक्काशी करना या फिर मैन्युअल तरीके चाक़ू, छेनी, हथौड़े इत्यादि के माध्यम से लकड़ी पर नक्काशी करना सभी कुछ शामिल है।

 Wood Carving की यदि हम बात करें तो लकड़ी से मूर्तियाँ बनाने का बड़े स्तर पर अभ्यास तो किया गया, लेकिन यह उतना लोकप्रिय और सफल नहीं हो पाया, जितना पत्थर एवं कास्य से निर्मित मूर्तियाँ हो पाई। इसका एक प्रमुख कारण यह है की, लकड़ी के क्षय होने का खतरा इनकी तुलना में अधिक होता है। क्योंकि लकड़ी पर तरह तरह के कीटों का हमला और आग की चपेट में आने का खतरा अधिक होता है।

वैसे देखा तो यही गया है की लकड़ी से निर्मित ऐसी मूर्तियाँ जिन्हें बाहर रखने की आवश्यकता हो, वे अधिक लम्बे समय तक सुरक्षित रह नहीं पाती। लेकिन यह भी देखा गया है की चीन और जापान की अधिकतर मूर्तियाँ लकड़ी से निर्मित हैं। वह शायद इसलिए क्योंकि लकड़ी हलकी होती हैं और इनमें पत्थर की तुलना में नक्काशी करना भी आसान रहता है। मूर्तियों के अलावा साधारण फर्नीचर में भी नक्काशी होती आई हैं, इसलिए आज हम हमारे इस लेख में Wood Carving Business के बारे में बात कर रहे हैं।

Wood Carving Business plan hindi

लकड़ी नक्काशी का इतिहास (Wood Carving History): 

Wood Carving यानिकी लकड़ी पर नक्काशी मानव जाति की सबसे प्राचीन कलाओं में से एक है। क्योंकि समय समय पर इस बात के प्रमाण मिले हैं की सहस्रों वर्षों पूर्व से मनुष्य उपयोगितावादी लकड़ी का इस्तेमाल विभिन्न कार्यों की निष्पादित करने के लिए करता आया है। इसलिए अंदाजा यही लगाया जाता है, की शायद दुनिया में शिल्प की शुरुआत ही लकड़ी पर कलाकृतियों इत्यादि के माध्यम से हुई हो। इसलिए मानव संस्कृति में लकड़ी का इस्तेमाल सार्वभौमिक है, क्योंकि इसके दोनों प्रकार से अनुप्रयोग प्रौद्योगिकी बनाने, बढ़ाने और कलात्मकता के साधन के तौर पर भी हैं।

उत्तर अमेरिकी भारतीय अपनी वुडेन फिश हुक या पाइप स्टेम को उसी तरह तराशते हैं, जैसे पोलिनेशियन अपने पैडल पर पैटर्न का कार्य करते हैं। इसके अलावा गुयाना के मूल निवासी स्वयं के कसावा ग्रेटर को खुदे हुए स्क्रॉल की एक बेहतरीन परिकल्पना के साथ सजाते हुए देखे जा सकते हैं। वास्तुकला की यदि हम बात करें, तो इसमें लकड़ी की नक्काशी भी शामिल होती है।

लकड़ी की नक्काशी के प्रकार (Types of Wood Carving):

लकड़ी की नक्काशी के विभिन्न प्रकार होते हैं, कुछ प्रमुख प्रकारों की लिस्ट निम्नवत है।

1. Chip Carving

जर्मन लोगों द्वारा चिप कार्विंग को कार्ब्सचिन के नाम से भी जाना जाता है यह लकड़ी की नक्काशी के उस प्रकार को संदर्भित करता है जिसमें बहुतायत तौर पर छेनी का इस्तेमाल करके नक्काशी की जाती है। छेनी का उद्देश्य लकड़ी पर कोई आकृति बनाने के लिए लकड़ी के चिप्स को उससे अलग करने का होता है। आम तौर पर छेनी के माध्यम से लकड़ी की सतह पर काम करके कुछ कलाकृतियाँ या डिजाईन बनाई जाती हैं।

2. रिलीफ कार्विंग

इस प्रकार की यह Wood Carving आमतौर पर लकड़ी के एक पैनल में आंकड़े उकेर कर की जाती है जो आम तौर पर सपाट होती है। इसके बाद जिन आकृतियों को उकेरा जाता है, वे उस पृष्ठभूमि से थोड़ा अनुमानित आकार ले सकती हैं। रिलीफ कार्विंग को प्रमुख तौर पर उच्च रिलीफ कार्विंग एवं मीडियम रिलीफ कार्विंग में विभाजित किया जा सकता है।

3. ChainSaw Wood Carving

इस प्रकार की लकड़ी की नक्काशी की यदि हम बात करें तो यह दुनिया में सबसे तीव गति से बढ़ने वाली एक कला है। यह इसलिए क्योंकि इसमें आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल होने के साथ सुन्दर कला को जोड़ने का काम किया जाता है। तकनीक और नक्काशी का यह संयोजन वास्तव में अद्भुत नक्काशी की एक कुंजी के तौर पर कार्य करता है।

4. ट्रीन कार्विंग

इस प्रकार की Wood Carving में लकड़ी के साथ घरेलु वस्तुओं की नक्काशी भी शामिल है हालांकि इस बात का ध्यान रखना भी आवश्यक है की इसमें केवल घरेलु वस्तु कुर्सियां, अलमारियाँ या घरेलु फर्नीचर ही नहीं शामिल होगा।

5. वाइटलिंग

इस तरह की यह लकड़ी की नक्काशी आम तौर पर लकड़ी से कोई शेप और कलाकृति बनाने के लिए टूल के इस्तेमाल से है। इस तरह की नक्काशी में जो उपकरण इस्तेमाल में लाया जाता है वह चाकू या छेनी में से कोई एक या फिर दोनों भी हो सकते हैं। लेकिन ध्यान रहे इस कार्य को करने के लिए सामान्य चाकू का नहीं बल्कि लम्बे चाकू का इस्तेमाल किया जाता है वह इसलिए क्योंकि ये लम्बे हैंडल के साथ आते हैं जो चाकू पर मजबूत पकड़ को बनाये रखते हैं और अधिक प्रभावी ढंग से कार्य करते हैं।

किस प्रकार की लकड़ी में नक्काशी की जाती है?      

जैसा की हम उपर्युक्त वाक्यों में बता चुके हैं की Wood Carving के तरीकों में चिप नक्काशी, रिलीफ नक्काशी एवं स्कैंडिनेवियन फ्लैट-प्लेन शामिल हैं। लकड़ी की नक्काशी सॉफ्ट और हार्ड दोनों प्रकार की लकड़ी में की जाती है इनमें मुख्यत: ओक, महोगनी, अखरोट, एल्म, लिमवुड, शाहबलूत, आबनूस, बॉक्सवुड, देवदार, सरू, जैतून, सागौन और देवदार इत्यादि शामिल हैं। लकड़ी में नक्काशी करने के विभिन्न फायदे होते हैं इनमें से एक फायदा यह होता है की इनमें पत्थर या जानवरों की हड्डी की तुलना में अधिक सरलता और सटीक रूप से नक्काशी की जा सकती है।

बड़े कम्पोजीशन के लिए लकड़ी के दो या इससे अधिक टुकड़ों पर नक्काशी करके इन्हें आसानी से जोड़ा भी जा सकता है। सॉफ्टवुड को कोई भी आकार देना अत्यंत सरल होता है लेकिन यह हार्डवुड की तुलना में कम टिकाऊ होती है। लकड़ी चाहे कोई भी हो लेकिन वह पत्थर की तरह मजबूत, कीटनाशक, वेदरप्रूफ नहीं होती है इसलिए Wood Carving का का इस्तेमाल प्रमुख तौर पर इनडोर कार्यों के लिए किया जाता है ।

लकड़ी पर नक्काशी का बिजनेस कैसे शुरू करें? (How to Start Wood Carving Business):  

लकड़ी पर नक्काशी का बिजनेस यानिकी Wood Carving Business की यदि हम बात करें तो, इसे एक ऐसे व्यक्ति को शुरू करना चाहिए जिसे यह कला आती हो, और उसे इसका उचित अनुभव हो। लेकिन एक ऐसा व्यक्ति जिसे यह कला नहीं आती यदि वह भी इस तरह का यह बिजनेस शुरू करना चाहता है तो वह भी यह शुरू कर सकता है। लेकिन उसे कर्मचारी के तौर पर इस तरह की यह कला जानने वाले, या इस व्यवसाय में इस्तेमाल में लायी जाने वाली आटोमेटिक मशीन को संचालित करना आना चाहिए, ऐसे लोगों को नियुक्त करना होगा।

तो आगे इस लेख में हम यही जानने का प्रयत्न करेंगे, की यदि कोई व्यक्ति खुद का लकड़ी पर नक्काशी का बिजनेस शुरू करना चाहता है, तो उसे किन किन मशीनरी उपकरणों इत्यादि की आवश्यकता होगी।  

1. जगह और बिल्डिंग का प्रबंध

किसी भी व्यवसाय को शुरू करने के लिए उद्यमी को उचित लोकेशन पर उचित जगह एवं बिल्डिंग का प्रबंध करने की आवश्यकता होती है यह वह जगह होती है जहाँ से उद्यमी अपने व्यवसाय को संचालित करना चाहता है । इसलिए Wood Carving Business शुरू करने के इच्छुक उद्यमी को भी सर्वप्रथम किसी चयनित लोकेशन पर जगह और बिल्डिंग का प्रबंध करने कली आवश्यकता होगी। शुरूआती दौर में उद्यमी को चयनित लोकेशन पर जगह खरीदने से बचना चाहिए बल्कि कोशिश करनी चाहिए की कोई बनी बनाई बिल्डिंग किराये पर मिल जाय।

उचित लोकेशन से आशय बिजली, पानी, सड़क, कौशल युक्त कर्मचारियों की उपलब्धता से लगाया जा सकता है। शुरूआती दौर में उद्यमी छोटी सी जगह से भी इस तरह के व्यवसाय को शुरू कर सकता है।    

2. आवश्यक लाइसेंस और पंजीकरण (Required Registration for Wood Carving Business):

इस व्यवसाय को सफलतापूर्वक संचालित करने के लिए उद्यमी को निम्नलिखित लाइसेंस एवं पंजीकरण कराने की आवश्यकता हो सकती है।

  • सबसे पहले उद्यमी को अपने व्यवसाय को प्रोप्राइटरशिप के तहत रजिस्टर करने की आवश्यकता हो सकती है।
  • टैक्स रजिस्ट्रेशन जैसे जीएसटी रजिस्ट्रेशन की भी आवश्यकता हो सकती है।
  • चूँकि यह लकड़ी से सम्बंधित कार्य है इसलिए हो सकता है की उद्यमी को स्थानीय फारेस्ट डिपार्टमेंट से भी लाइसेंस की आवश्यकता हो।
  • यदि उद्यमी चाहता है की उसके उद्यम को एमएसएमई के तौर पर सरकारी योजनाओं का फायदा मिले तो उसे उद्यम रजिस्ट्रेशन की भी आवश्यकता हो सकती है।
  • इसके अलावा यदि उद्यमी Wood Carving Business को अपने ब्रांड के तहत करना चाहता है तो उसे ट्रेडमार्क रजिस्ट्रेशन की भी आवश्यकता हो सकती है ।   

3. मशीनरी और कच्चा माल

Wood Carving Business सफलतापूर्वक संचालित करने के लिए उद्यमी को निम्नलिखित मशीनरी एवं उपकरणों की आवश्यकता हो सकती है।

  • वुड केमिकल ट्रीटमेंट प्लांट
  • सीजनिंग मशीन
  • प्लानर मशीन
  • जॉइनिंग मशीन
  • बफिंग मशीन
  • बेल्ट सेन्डर मशीन
  • वुड लाथे मशीन
  • बैंड सॉ मशीन
  • अन्य टूल और उपकरण

मशीनरी, उपकरणों और कच्चे माल की खरीदारी से पहले उद्यमी को किसी अच्छे सप्लायर का चुनाव अवश्य करना चाहिए। सप्लायर का चुनाव करने के लिए उद्यमी चाहे तो, इंडियामार्ट, ट्रेडइंडिया जैसी वेबसाइट की मदद ले सकता है। Wood Carving Business में इस्तेमाल में लाये जाने वाले कच्चे माल की लिस्ट कुछ इस प्रकार से है।

  • नेचुरल वुड
  • एमडीऍफ़
  • पेन्ट
  • थिनर
  • सीलर    

4. कर्मचारियों की नियुक्ति करें

ध्यान रहे लकड़ी पर नक्काशी का काम मैन्युअल तरीके से केवल वही व्यक्ति कर सकता है जिसे यह कला अच्छी तरह से आती हो इसलिए उद्यमी को इस कला में पारंगत और अनुभवी कर्मचारियों को नियुक्त करने की आवश्यकता हो सकती है। और यदि उद्यमी मशीनों के माध्यम से मोल्डिंग इत्यादि से नक्काशी का काम करता है तब भी उसे कुशल एवं अनुभवी मशीन संचालकों को नियुक्त करने की आवश्यकता हो सकती है। इसके अलावा Wood Carving Business में लकड़ी एवं अन्य सह- सामग्री को एक वर्क स्टेशन से दुसरे वर्क स्टेशन में पहुँचाने की आवश्यकता हो सकती है।

इसलिए उद्यमी को कुछ हेल्पर भी नियुक्त करने होंगे, और ऑफिस का कार्य निबटाने के लिए कुशल एवं अनुभवी कर्मचारी भी नियुक्त करने की आवश्यकता हो सकती है इस प्रकार से उद्यमी को 6-7 कर्मचारी नियुक्त करने पड़ सकते हैं।   

5. नक्काशी का काम शुरू करें (Start wood Carving Work)

Wood Carving Business में लकड़ी पर नक्काशी करने की प्रक्रिया में सबसे पहले ग्राहक की पसंद के मुताबिक डिजाईन तैयार की जाती है और डिजाईन के अनुरूप लकड़ी का चयन किया जाता है। यदि डिजाईन काफी जटिल या कठिन होती है तो उसके लिए सॉफ्टवुड का इस्तेमाल किया जाता है क्योंकि सॉफ्टवुड पर कठिन डिजाईन भी आसानी से उकेरी जा सकती है। और इस प्रकार की नक्काशी का इस्तेमाल अधिकतर सजावटी वस्तुओं के तौर पर किया जाता है। दूसरी तरफ घरेलु फर्नीचर जैसे कुर्सी, टेबल, बेड, दरवाजे, खिड़कियाँ, अलमारी इत्यादि में हार्डवुड का इस्तेमाल किया जाता है।

उत्पाद की डिजाईन, कटिंग और शेप के अनुसार इसमें लगभग 20% एमडीऍफ़ (मीडियम डेंसिटी फाइबर) का भी इस्तेमाल किया जाता है। Wood Carving Process में उत्पादों के डिजाईन के अनुसार नक्काशी की जाती है और फिर लकड़ी के सभी हिस्सों को एक साथ जोड़ दिया जाता है। जॉइनिंग के बाद उत्पाद में ग्राहक की पसंद के अनुसार एक्सेसरीज जोड़ी जा सकती है उसके बाद सीलिंग और पेटिंग कार्य को पूर्ण किया जाता है उसके बाद उत्पाद की फाइनल चेकिंग के पश्चात ग्राहक को दिया जाता है।

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